नेशनल एलिजिबिलिटी कम एंट्रेंस टेस्ट

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By NICK JOHNSON

नेशनल एलिजिबिलिटी कम एंट्रेंस टेस्ट (NEET) देश के सभी मेडिकल कॉलेजों (सरकारी एवं निजी) में MBBS, BAMS,BUMAS एवं BDS इत्यादि  कोर्सेज के लिए आयोजित होने वाली एक मात्र प्रतियोगी परीक्षा है। इस प्रवेश परीक्षा को नेशनल टेस्टिंग एजेंसी के अधीन कराया जाता है जो इस परीक्षा के परिणाम के सन्दर्भ में डायरेक्टर जनरल ऑफ़ हेल्थ सर्विसेज (स्वास्थ और परिवार कल्याण मंत्रालय) के प्रति उत्तरदायी  होता है। वर्ष 2019 से पहले NEET का आयोजन सेंट्रल बोर्ड ऑफ़ सेकंड्री एजुकेशन (CBSE) एवं सहयोगी संस्था प्रोमेट्रिक टेस्टिंग प्राइवेट लिमिटेड (USA) के द्वारा कराया जाता था, जो की वर्ष 2013 में ऑल इंडिया प्री मेडिकल टेस्ट (AIPMT) के स्थान पर पहली बार अस्तित्व में आयी थी ।

 

  

वर्ष में एक बार आयोजित होने वाली यह परीक्षा पेन व पेपर पर आधारित होती है जिसमे बायोलॉजी, फिजिक्स, एवं केमिस्ट्री से सम्बंधित प्रश्न पूछे जाते हैं। इसकी अवधि 3 घंटो की है एवं इसमें स्कोर करने का रेंज -180 से +720 के मध्य रहता है। सामान्य केटेगरी के प्रत्याशियों के लिए इसमें 9 बार भाग लेने का अवसर होता है वहीं आरक्षित केटेगरी के विद्यार्थी 14 बार भाग ले सकते हैं। हिंदी एवं अंग्रेजी के अतिरिक्त इस परीक्षा को बंगाली, असामी, गुजरती, मराठी, कन्नड़, उड़िया, तमिल, तेलगु एवं उर्दू  आदि भाषाओं में भी दिया जा सकता है।

NEET के प्रतियोगी परीक्षा में भाग लेने हेतु अभ्यर्थी के पास निम्नलिखित मानदंड होने अपेक्षित हैं :-

अभ्यर्थी ने कक्षा 12 पास कर लिया हो अथवा उसी वर्ष कक्षा 12 की परीक्षा में प्रस्तुत होने वाला हो। कक्षा 12 में अभ्यर्थी के विषय फिजिक्स, केमिस्ट्री, एवं बायोलॉजी/बायोटेक्नोलॉजी हों, जहाँ उसके पास न्यूनतम 50%(General), 40%(OBC/SC/ST) व 45%(pwd) अंक हों। आवेदक की आयु 17 वर्ष से कम न हो | NEET के लिए आवेदन करने की राशि ₹1500 (General) एवं ₹750 (ST, SC, OBC ,PWD) निर्धारित है।

हमारे देश में सरकारी एवं निजी मेडिकल कॉलेजों की कुल संख्या 532 हैं जिनमे लगभग 76928 सीट्स हैं। इन कॉलेजों में 41388 सीट्स के साथ 272 सरकारी कॉलेज हैं और 35540 सीट्स के साथ 260 निजी मेडिकल कॉलेजों की संख्या है। निजी कॉलेजों में भी लगभग 50% सीट्स अर्थात 17740 सीट्स पर कुल फी का केवल 30% लेने का प्रावधान है। प्रति वर्ष लगभग 1,400,0000 प्रत्याशी NEET में भाग लेते हैं, सामान्य तौर पर अभ्यर्थियों द्वारा लगभग 540 मार्क्स अथवा 1000 रैंक लाने पर ही इन सीट्स के उपलब्ध होने की अपेक्षा की जाती है। हालाँकि NEET को क्वालीफाई करने के लिए  जनरल केटेगरी को न्यूनतम 134 मार्क्स  अथवा 50 पर्सेंटाइल एवं 107 मार्क्स या 40 पर्सेंटाइल SC/OBC/ST के लिए पर्याप्त होता है। 

 

NEET के कॉन्सेलिंग की प्रक्रिया दो प्रकार से कराई जाती है। प्रथम “ऑल इंडिया कॉन्सेलिंग” द्वारा, जिसमे प्रत्येक राज्यों के कॉलेजों के 15% सीट्स शामिल होते हैं एवं अभ्यर्थी जिन्होंने NEET क्वालीफाई किया हो वें  देश के सभी कॉलेजों के लिए आवेदन कर सकतें  हैं। “ऑल इंडिया कॉन्सेलिंग” का  नियंत्रण मेडिकल कॉन्सेलिंग कमिटी(MCC) के अधीन होता है जहां वें अभ्यर्थी के मेरिट केटेगरी, एवं सीट्स की उपलब्धता के आधार पर  आवंटन करते हैं। शेष बचे 85% सीट्स के लिए सभी राज्य “स्टेट काउंसलिंग“ द्वारा अपने अधिवासी (domicile) प्रत्याशियों हेतु काउंसलिंग की प्रक्रिया का आयोजन करते हैं हालाँकि इसमें अन्य राज्यों के विद्यार्थी भी भाग लेते हैं परन्तु अधिकांश अवसरों पर इन्हे निजी कॉलेजों के सीट्स ही उपलब्ध हो पाते हैं। काउंसलिंग की प्रक्रिया ऑनलाइन माध्यमों द्वारा विभिन्न राज्यों के अपने वेब साइट पर उपलब्ध रहते हैं।

NEET 2020   अपेक्षित केटेगरी-वाइज   कट ऑफ परसेंटाइल एवं कट ऑफ स्कोर 

 

अनारक्षित               50       701 – 134             

OBC/ SC/ ST      40        133 – 107                

अनारक्षित – PH     45       133 – 120                    

OBC/ SC              40        119 – 107 

 युवा इंडिया एक विशेषज्ञों की टीम है जो अपने अनुभव एवं जानकारी के बल पर न केवल कॉलेजों के सन्दर्भ में उचित परामर्श देती है बल्कि दाखिले की प्रक्रिया को भी विश्वनीयता के आधार पर पूर्ण कराती है।